प्रधानमंत्री ग्राम सडक योजना के तहत एफडीआर तकनीक से 5220.00 किमी० सड़कों का निर्माण पूर्ण किया गया पूर्ण लखनऊ: 22 अगस्त 2025उप मुख्यमंत्री श्री केशव प्रसाद मौर्य के कुशल मार्गदर्शन मे प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत ग्रामीण सड़कों का निर्माण कर ग्रामीण रोड कनेक्टिविटी के कार्य को गति दी जा रही हैउप मुख्यमंत्री श्री मौर्य ने इस योजना के तहत निर्मित की जा रही सड़को का मौके पर लगातार निरीक्षण करने, कार्यो की गुणवत्ता परखने व मानको पर विशेष रूप से फोकस करने के निर्देश दिये हैं।यूपीआरआरडीए से प्राप्त जानकारी के अनुसारप्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना-3 अन्तर्गत 2565 मार्ग, लम्बाई 18938.04 कि०मी०, स्वीकृत लागत रू0 14638.72 करोड़ की स्वीकृति ग्रामीण विकास मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा निर्गत की गयी है, जिसमें से एफ०डी०आर० तकनीक के 747 मार्ग, लम्बाई 5820.796 कि0मी की स्वीकृत लागत 5992.71 करोड़ है। एफ०डी०आर० तकनीक अन्तर्गत स्वीकृत मार्गों के सापेक्ष 5000.00 कि०मी० लम्बाई के मार्गों का सरफेसिंग के साथ निर्माण कार्य पूर्ण किया जा चुका है तथा 5220.00 किमी० का एफडीआर कार्य पूर्ण किया जा चुका है।पीएमजीएसवाई अन्तर्गत पूर्व निर्मित मार्गों पर पीरियॉडिक रिन्यूवल का कार्य कराये जाने हेतु भारत सरकार से निर्गत इन्सेन्टिव मनी की धनराशि से प्रदेश के 62 जनपदों में 306 मार्ग, लम्बाई 1911.304 कि०मी०, लागत रू0 494.02 करोड़ के कार्यों की स्वीकृति कोल्ड मिक्स, वेस्ट प्लास्टिक, सी०जी०बी०एम० एवं एम०एस०एस० + तकनीक से 30 एम०एम० बी०सी० के साथ की गयी है। वर्तमान में इन मार्गों का अनुबंध गठित कर निर्माण कार्य प्रगति में है।यूपीआर आर डी ए के मुख्य कार्यपालक अधिकारी श्री अखण्ड प्रताप सिंह ने बताया किअभी तक वेस्ट प्लास्टिक के साथ 630 किमी० मार्गों के रिन्यूवल का कार्य हो चुका है, जिसमें 710 टन वेस्ट प्लास्टिक प्रयुक्त हुआ है।
